क्या ग्रहण गर्भावस्था में हानिकारक है- उपाय, सावधानियाँ और प्रभाव

गर्भवती महिलाओं और हाल ही में शिशु को जन्‍म देने वाली महिलाओं को सूर्य ग्रहण के दौरान मां एवं बच्‍चे की सेहत विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। माना जाता है कि सूर्य ग्रहण के दौरान गर्भवती महिलाओं को घर से नहीं निकलना चाहिए । इसके अलावा ग्रहण काल में प्रेगनेंट महिलाओं को और भी कई बातों को ध्‍यान रखना चाहिए वरना शिशु की सेहत को नुकसान हो सकता है। इसलिए ग्रहण के समय में गर्भवती महिलाओं को घर से बाहर निकलने से मना किया जाता है कि ताकि ग्रहण के अशुभ प्रभाव से बचा जा सके।

सूर्य ग्रहण :  

सूर्य व पृथ्वी के बीच में चन्द्रमा आ जाता है तो चन्द्रमा के पीछे सूर्य का बिम्ब कुछ समय के लिए ढक जाता है, इसी घटना को सूर्य ग्रहण कहा जाता है। पृथ्वी सूरज की परिक्रमा करती है और चाँद पृथ्वी की। कभी-कभी चाँद, सूरज और धरती के बीच आ जाता है। 

सूर्य ग्रहण में गर्भवती महिलाओ को क्या करना चाइये :

  • घर के अंदर रहें और आराम करें ।
  • ग्रहण काल के दौराल शरीर को ज्‍यादा थकाएं नहीं ।
  • नुकीली चीजों का इस्‍तेमाल करने से बचें ।
  • ग्रहण में कुछ भी खाने और पीने के लिए मना किया जाता है, लेकिन अगर आपसे ऐसा नहीं हो पा रहा है तो बच्‍चे की सेहत का ध्‍यान रखते हुए आप कुछ खा सकती हैं ।

चंद्र ग्रहण :

चंद्र ग्रहण जिसमें पृथ्‍वी चंद्रमा और सूर्य के बीच आ जाती है और सूर्य की रोशनी चंद्रमा पर नहीं पड़ पाती है। ग्रहण का असर गर्भवती महिलाओं पर भी पड़ता है और ऐसा माना जाता है कि ग्रहण काल के दौरान गर्भवती महिलाओं को कुछ विशेष बातों का ध्‍यान रखना चाहिए वरना उनके और उनके गर्भस्‍थ शिशु को नुकसान पहुंच सकता है।

चंद्र ग्रहण में गर्भवती महिलाओ को क्या करना चाइये :

  • चंद्र ग्रहण शुरू हो जाने के बाद घर से बाहर न निकलें ।
  • गर्भवती महिला कोई भी धातु जैसे कि कड़ा आदि न पहन कर रखे। हालांकि, इस दौरान शिशु की रक्षा के लिए अपने पास चाकू रख सकती हैं ।
  • बासी भोजन न करें और ग्रहण के दौरान कोई कार्य या आराम भी न करें। इस समय सोना बच्‍चे को नुकसान पहुंचा सकता है ।
  • ग्रहण में कुछ भी खाना या पीना भी वर्जित है ।
  • जिस कमरे में गर्भवती महिला रहती है उसके खिड़की और दरवाजों को ढक कर रखें जाकि ग्रहण की किरणें घर में न आएं ।

गर्भवती महिलाओं के लिए बेहद खतरनाक है सूर्य ग्रहण :

आज भी लोग इस बात में यकीन करते हैं कि प्रेग्नेंट महिलाओं को सूर्य या चंद्र ग्रहण के दौरान घर से बाहर निकलना उनके और गर्भ में पल रहे शिशु को नुकसान पहुंचा सकता है। बच्चा दिव्यांग पैदा हो सकता है। बेशक, ग्रहण की किरणों के नुकसान होता है, खासकर तब, जब आप इसे नंगी आंखों से देखते हैं। ऐसा नहीं कि ग्रहण के दिन बच्चों का जन्म नहीं होता है। हां, गर्भवती महिलाओं को थोड़ी सावधानी जरूर बरतनी चाहिए।

ग्रहण में भोजन करना चाहिए या नहीं :

यह भी एक मिथ है कि ग्रहण के दौरान खाना नहीं बनाना चाहिए और ना ही खाना चाहिए। आप जो चाहे पका और खा सकते हैं। हालांकि, पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार ग्रहण के दौरान खाना पकाने को लेकर भी मनाही है। वैसे, आप सारा दिन भूखे तो नहीं रख सकते और आपके मन में फिर भी डर है कि कुछ भी खाने से नुकसान होगा, तो आप इन चीजों को खाने से परहेज कर सकते हैं :-

  • मांसाहारी भोजन ना करें ।
  • अनाज ना खाएं, क्योंकि ये जल्दी नहीं पचते हैं ।
  • तली-भुनी और मसालेदार चीजें ना खाएं। इनसे शरीर की गर्मी बढ़ती है और पचाना मुश्किल हो सकता है ।

ग्रहण के बाद ही करें स्नान :

भारतीय मान्यता के अनुसार, ग्रहण के पहले या बाद में राहु का दुष्प्रभाव होता है। इसे स्नान करने के बाद ही दूर किया जा सकता है। हालांकि, इसके पीछे एक वैज्ञानिक कारण भी है। सूर्य के अपर्याप्त रोशनी के कारण जीवाणु और कीटाणु अधिक पनपते हैं, जिसके कारण इंफेक्शन होने की संभावना बढ़ जाती है। जब आप ग्रहण के बाद स्नान करते हैं, तो शरीर से सभी टॉक्सिन्स और जीवाणुओं का असर दूर हो जाता है। इससे आपके बीमार होने की संभावना कम हो जाती है ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top